मुजफ्फरनगर। सहारनपुर मण्डल आयुक्त के आदेश के बाद भी पवन कुमार, सभापति, गाँधी कालोनी कोऑपरेटिव हाउसिंग सोसायटी लि०, गॉधी कालोनी, मुजफ्फरनगर द्वारा सचिव को समिति कार्यालय में सचिव के कक्ष का ताला न खोलने देने, कार्यालय का कार्य न करने देने एवं माह मई व जून 2026 का वेतन भुगतान न करने और का मानसिक व आर्थिक उत्पीडन करने का आरोप लगाया गया है।
सचिव मेघा आहूजा ने मंडलायुक्त को अवगत कराया कि उoप्रo सहकारी समिति अधिनियम 1965, उ०प्र० सहकारी समिति नियमावली 1968 के उपबन्धों के अन्तर्गत पंजीकृत उपरोक्त समिति की वैतनिक सचिव के पद पर नियमित नियुक्ति, जो उ०प्र० राज्य सहकारी समिति कर्मचारी विनियमावली 1975 के उपबन्धों के अधीन अपर आवास आयुक्त/अपर निबन्धक, उ0प्र0 आवास एवं विकास परिषद, सहकारिता अनुभाग, लखनऊ के पत्रांक सं0 360 / सह / दिनांक 01.05.2023 के द्वारा अनुमोदित है, के आधार पर कार्यरत हॅू और पद के कर्तव्य और दायित्वों का पूरी लग्न एवं निष्ठा से निर्वहन कर रही हूँ ।
समिति सभापति श्री पवन कुमार उ०प्र० सहकारी समिति अधिनियम 1965, उ०प्र० सहकारी समिति नियमावली 1968 और समिति उपविधियों के उपबन्धों के प्रतिकूल आचरण कर प्रार्थिया को नियमविरूद्ध आदेशों का पालन करने हेतु मौखिक रूप से निर्देश देते हैं, जिनका क्रियान्वयन प्रार्थिया द्वारा करना सम्भव नहीं है और वे यह आग्रह सभापति को सूचित करती रहती है। उनकी इच्छानुसार विधिविरूद्ध और नियमविरूद्ध क्रियान्वयन न होने के फलस्वरूप सभापति महोदय प्रार्थिया के प्रति रंजिश रखते है और परोक्ष और अपरोक्ष रूप से इसका परिणाम भुगतने की धमकी भी देते है और अपनी नाराजगी प्रकट करते रहते है । सभापति द्वारा समिति कम्यूनिटी हॉल को विभिन्न आयोजनों हेतु स्वयं बुकिंग कर बुकिंग की नवम्बर 2023 से मई 2024 तक की धनराशि रू० 4.38,500 /- समिति कार्यालय में जमा न करना, इस धनराशि को अपने इस्तेमाल में लाना और प्रार्थिया द्वारा मौखिक और लिखित अनुरोध के पश्चात् भी समिति में जमा न करना । प्रार्थिया द्वारा उनके विरूद्ध समिति बकाया का नोटिस मिलने पर अपनी मतदाता योग्यता बचाने हेतु एक वर्ष पश्चात् 08.01. 2025 को नगद रू0 4,38,500 / – समिति कार्यालय में जमा किया गया और इससे नाराज होकर प्रार्थिया को धमकी दी कि प्रार्थिया के विरूद्ध न्यायालय में केस दर्ज कराउंगा और प्रार्थिया को दण्ड दिलवाउंगा। सभापति द्वारा जून 2024 से दिसम्बर 2024 की अवधि का हॉल बुकिंग की धनराशि रू0 3,40,100 / – समिति में नियुक्त न करके बाहरी व्यक्ति राकेश कुमार जैन द्वारा वसूल करायी गयी तथा प्रार्थिया को विधिविरुद्ध निर्देश दिया कि राकेश कुमार जैन जो समिति में नियुक्त नहीं है, को रसीद बुक दे दें, वह हॉल बुकिंग की धनराशि वसूलेंगे। इस धनराशि को भी सभापति ने सात माह तक अपने पास रखा और दिनांक 04.01.2025 को इस धनराशि में से केवल रू0 16,888 / – ही नगद समिति कार्यालय में जमा कराये शेष रू0 3,23,212 / – के लिए मौखिक कह दिया कि खर्च हो गये, जब मैने इस पर आपत्ति की तो धमकी देकर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी।
समिति कार्यालय में आठ व्यक्ति श्रीमती सिमरन शर्मा, राकेश कुमार जैन, श्रीमती सीता थापा, श्रीमती बबली, सोनू, मुकेश कुमार एवं महेन्द्र बिना नियुक्ति कार्यरत है, जिसके कारण इनकी सेवा सम्बन्धित कोई नियमावली तैयार नहीं की गई। इनकी सर्विस बुक व्यक्तिगत पत्रावली, अवकाश लेखे आदि भी कार्यालय में उपलब्ध नहीं है। मंडलायुक्त के आदेश के बाद भी उन्हें चार्ज नहीं मिला है।


