मुजफ्फरनगर। आशिकी के चक्कर में पति खोया और अब आशिक के साथ जेल में सडेगी मीना। थाना बुढाना पुलिस द्वारा हत्या के अभियोग में वांछित अभियुक्त को 24 घण्टे के अन्दर दौराने पुलिस मुठभेड़ घायल अवस्था में गिरफ्तार किया है। हत्या की साजिश में शामिल माशूका को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार अवैध संबंध के चलते पत्नी ने ही प्रेमी से पति की हत्या कराई थी।
मामले में गत दिवस मौ आकिल पुत्र श्री तौसीफ सैफी निवासी गली न0- 24 लक्खीपुरा थाना लिसाडीगेट जिला मेरठ ने थाना बुढ़ाना पुलिस को लिखित तहरीर देकर अवगत कराया कि अभियुक्त आसिम पुत्र अनीस अब्बासी निवासी नई बस्ती चाँद मस्जिद के पास कस्बा व थाना बुढाना व मीना पत्नी नसीम उर्फ तालिब निवासी गली न0- 24 लक्खीपुरा थाना लिसाडीगेट जिला मेरठ द्वारा वादी के छोटे भाई नसीम उर्फ तालिब पर योजनाबद्ध तरीके से दाँव/बुगदा से जान से मारने की नीयत से हमला किया तथा दौराने उपचार वादी के छोटे भाई नसीम उपरोक्त की मेरठ मे मृत्यु हो गयी। प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना बुढ़ाना पर मु0अ0सं0- 347/2026 धारा 103(1)/61(2) बीएनएस पंजीकृत किया गया तथा उक्त वाँछित अभियुक्त/अभियुक्ता की गिरफ्तारी हेतु उच्चाधिकारीगण के निर्देशन में थाना बुढ़ाना पर पुलिस टीम का गठन किया गया। गठित टीम द्वारा 24 घण्टे के अन्दर आज मुखबिर की सूचना पर उक्त अभियोग में वांछित अभियुक्त को घायल अवस्था में मंदवाडा-लुहसाना मार्ग से गिरफ्तार किया गया। घायल अभियुक्त के कब्जे से 01 तंमचा 315 बोर मय 01 खोखा व 01 जिन्दा कारतूस 315 बोर व घटना में प्रयुक्त आलाकत्ल दाब बरामद किया गया तथा वांछित अभियुक्ता को उसके मस्कन कस्बा बुढाना से गिरफ्तार किया गया। घायल अभियुक्त को उपचार हेतु अस्पताल भिजवाया गया है। अभियुक्तगण की गिरफ्तारी एवं बरामदगी के सम्बन्ध में थाना बुढ़ाना पुलिस द्वारा अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है। पूछताछ के दौरान अभियुक्त आसिम ने बताया कि मीना की शादी नसीम उर्फ तालिब पुत्र तौसीफ, निवासी गली नं. 24, लक्खीपुरा, थाना लिसाड़ी गेट, जनपद मेरठ के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही मीना और उसके पति नसीम उर्फ तालिब के संबंध अच्छे नहीं थे, जिसके कारण मीना अधिकांश समय अपने मायके बुढ़ाना में रहती थी। इसी दौरान मेरे एवं मीना के मध्य अवैध संबंध स्थापित हो गए। इसकी जानकारी नसीम उर्फ तालिब को हो गई थी। नसीम उर्फ तालिब गुजरात में मजदूरी करता था तथा मीना को लगातार फोन करता था, जिससे मीना परेशान रहती थी। नसीम उर्फ तालिब की लगातार धमकियों एवं उत्पीड़न से परेशान होकर मैं एवं मीना गुड़गांव चले गए। नसीम उर्फ तालिब द्वारा मीना को लगातार जान से मारने की धमकी दी जाती थी और वह कहता था कि वह उसे किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ेगा। इसी से परेशान होकर मीना एवं मैने, नसीम उर्फ तालिब की हत्या करने की योजना बनाई। योजना के अनुसार शनिवार को मीना ने नसीम उर्फ तालिब को विश्वास में लेकर बुढ़ाना बुलाया। इसके बाद मैने नसीम उर्फ तालिब पर दाब से जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल नसीम उर्फ तालिब को उपचार हेतु अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।


