मुजफ्फरनगर। संयुक्त वैश्य मोर्चा जनपद मुजफ्फरनगर ने उत्तर प्रदेश में वैश्य समाज पर लूट, डकैती, हत्याएं जैसी घटनाओं और हाल में बड़ौत, जनपद बागपत में हुई वैश्य समाज केे दो वैश्यों की हत्या के सम्बन्ध में ज्ञापन देकर सुरक्षा की मांग की है।
मुख्यमंत्री के नाम दिए ज्ञापन में संयुक्त वैश्य मोर्चा जनपद मुजफ्फरनगर के कृष्ण गोपाल मित्तल की अध्यक्षता में एवं शलभ गुप्ता मुख्य संयोजक एवं सलाहकार एवं सुनील तायल मुख्य संयोजक के नेतृत्व में दिए ज्ञापन में कहा गया है कि पिछले कुछ महीनों से उत्तर प्रदेश में वैश्य समाज पर लगातार लूट, डकैती, चोरी, अपहरण, रंगदारी, हत्याऐं आदि जैसे अपराधिक घटनाऐं हो रही है अभी विगत महीनों से चाहे अम्बेहटा सहारनपुर में हुई हत्या व लूट, हापुड़ में डकैती और अब बड़ौत जिला बागपत में कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा वैश्य समाज से रंगदारी मांगी गयी और न देने पर गिरोह बनाकर दिन दहाड़े अपने साथियों के साथ खुलेआम वैश्य समाज के 2 व्यापारियों की हत्या कर दी गयी जो कि पुत्र-पिता थे जिसमें पुत्र की कुछ समय पहले ही शादी हुई थी और उसकी पत्नि की अभी हाथ की मेहंदी का रंग भी नहीं छूटा था और उन दुर्दान्त अपराधियों द्वारा एक ही साथ सास-बहु को एक साथ विधवा कर दिया गया। भीड़ ने मौके पर संगठित अपराधियों में से एक को वहीं मार गिराया, परन्तु अन्य अपराधी दहशत का माहौल बनाते हुए गोलियां चलाते हुए वहां से भाग गये। जिससे आज बड़ौत का हर व्यापारी व वैश्य समाज का हर व्यक्ति भयभीत है, कि पुरानी सरकारों का जंगलराज ये अपराधी उत्तर प्रदेश में वापिस कायम करना चाह रहे है। आज बड़ौत का हर व्यापारी चाहे वह किसी भी समाज का हो गमगीन व भयभीत है और वैश्य समाज उत्तर प्रदेश में हो रही जघन्य अपराधिक घटनाओं को लेकर भयभीत है। मुख्यमंत्री से संयुक्त वैश्य मोर्चा ने मांग की है कि बड़ौत जिला बागपत में एक साथ सास व बहु का एक साथ मांग का सिन्दूर उजाड़ने वाले अपराधियों को तुरन्त गिरफ्तार किया जाये उनके घरों पर बुलड़ोजर की कार्यवाही की जाये और कड़ी से कड़ी सजा इन दुर्दान्त अपराधियों को दी जाये जिससे योगी आदित्यनाथ के उत्तम प्रदेश में जो ये भय व दहशत का माहौल बनाकर जंगलराज लाना चाहते है उस पर रोक लगाई जा सके और अपराधी अपराध करते हुए एक हजार बार सोचें और भविष्य में किसी के मांग का सिन्दूर ना उजाड़ सकें। संयुक्त वैश्य मोर्चा ने पीड़ित परिवार के दोनों मृतकों के प्रति न्याय की त्वरित न्याय की मांग करते हुए उनके परिवार की सुरक्षा और मृतक पीड़ित परिवार के लिए एक सरकारी नौकरी व मुआवजे के रूप में एक-एक करोड़ रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है। वैश्य समाज व व्यापारियों की सुरक्षा के लिए उत्तर प्रदेश के समस्त जिले के पुलिस प्रशासन को अतिशीघ्र निर्देश देने का अनुरोध किया है।
ज्ञापन देने वालों में मुख्य रूप से कृष्ण गोपाल मित्तल, शलभ गुप्ता एडवोकेट, सुनील तायल, राकेश कंसल, योगेश भगत जी, पुरुषोत्तम सिंहल, प्रमोद करनाल, मनीष गुप्ता, सुरेंद्र अग्रवाल, अनिल सांझक , सर्वेश तायल, राजीव बंसल,शिवकुमार सिंघल, सौरभ मित्तल, राजेंद्र तायल, सुरेंद्र मित्तल, कार्तिक गोयल,संजीव गोयल,शलभ गर्ग,अंकुर गोयल,राजेंद्र प्रसाद गर्ग,योगेश कुमार,रविंदर कुमार,विपिन गुप्ता,अशोक अग्रवाल,आकाश अग्रवाल, अजय बंसल,नीरज करनाल, जनार्दन स्वरूप, नितिन गोयल,अशोक गर्ग, दीपक मित्तल सर्राफ,अतुल सिंहल,विभु गर्ग,सतीश चंद गर्ग,अभिलाष मित्तल एडवोकेट,शरद गुप्ता,आर के गोयल,सुरेश गोयल,गौरव गुप्ता,सुनील तायल, सचिन जैन आदि सैकड़ों वैश्य बंधु मौजूद रहे।


