मुजफ्फरनगर। सास खर्च के पैसे नहीं देती थी तो बहू ने घर से लाखों की नकदी व जेवर खुद चुराकर चोरी की रिपोर्ट लिखवा दी। थाना पुरकाजी पुलिस द्वारा चोरी की घटना का सफल अनावरण करते हुए अभियुक्ता को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से चोरी की गयी सम्पूर्ण धनराशि 04 लाख 40 हजार रूपये तथा कान की 01 बाली (पीली धातु) बरामद। महिला द्वारा स्वंय ही घर से रूपये चोरी कर, चोरी की झूठी सूचना दी गई थी।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने बताया कि 24 अगस्त को वादी इनाम पुत्र इरफान निवासी ग्राम हरिनगर थाना पुरकाजी मुजफ्फरनगर द्वारा थाना पुरकाजी पर लिखित तहरीर देते हुए अवगत कराया कि अज्ञात चोरों द्वारा उनके घर में घुसकर अनाज की टंकी में रखे करीब 14 लाख रूपये चोरी कर लिये। वादी के भाई की पत्नी के जाग जाने तथा विरोध करने पर चोरों के द्वारा उसके ऊपर चाकू से हमला किया गया तथा कान की बाली खींच कर फरार हो गये। वादी से प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना पुरकाजी पुलिस द्वारा मु0अ0सं0- 140/2026 धारा 331(8),304(2),351(3) बीएनएस पंजीकृत किया गया तथा उच्चाधिकारीगण के निर्देशन पर घटना के शीघ्र व सफल अनावरण व अभियुक्तगण की गिरफ्तारी हेतु पुलिस टीमों का गठन किया गया। आज पुलिस टीम द्वारा उक्त घटना का सफल अनावरण करते हुए घर से स्वयं रूपये चोरी कर चोरी की झूठी सूचना देने वाली अभियुक्ता को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्ता के कब्जे/निशांदेही से कूलर में छिपाकर रखी गयी चोरी की गयी सम्पूर्ण धनराशि 04 लाख 40 हजार रूपये तथा कान की 01 बाली (पीली धातु) बरामद की गयी। थाना पुरकाजी पुलिस द्वारा अभियुक्ता की गिरफ्तारी व बरामदगी के सम्बन्ध में, पंजीकृत अभियोग मु0अ0सं0- 140/2026 में धारा 331(8),304(2),351(3) बीएनएस का लोप व धारा 305(क),317(2) की वृद्धि कर अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है। गिरफ्तार अभियुक्ता का नाम गुलशना पत्नी अकरम निवासी ग्राम हरिनगर थाना पुरकाजी है।
प्रारम्भिक पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्ता द्वारा बताया गया कि उसकी सास उसे खर्चे के लिये पैसे नही देती थी तथा घर के लेन-देन का कार्य भी खुद ही करती थी। मेरी सास घर में उपर बने कमरे में रखी अनाज की टंकी में पैसे छुपाकर रखती थी जिसे मैंने पैसे रखते हुए व निकालते हुए देख लिया। मेरे मन में पैसों का लालच आ गया। मैं भी मकान में उपर ही बने दूसरे कमरें में रहती हूं। दिनांक 23/24.08.2026 की रात्रि को जब परिवार के सभी लोग सो गये तो मैंने अनाज की टंकी में लगे ताले को तोड़कर टंकी में छिपाकर रखे हुए 04 लाख 40 हजार रूपयों को चोरी कर लिया तथा तथा चोरी किये गये पैसों को एक थैले में रखकर कूलर में छिपा दिया। ताला तोडते समय टंकी की पत्ती से मेरा हाथ घायल हो गया था। चोरी की घटना को छिपाने के उद्देश्य से मैंने शोर मचाकर परिवार वालों को बुला लिया तथा अज्ञात चोरों द्वारा चोरी कर लेने तथा मेरे हाथ में चाकू मारकर घायल कर देने तथा कान की बाली छीनकर ले जाने की झूठी सूचना दी गयी जबकि बाली को मैंने स्वयं ही छिपा दिया था। अनाज की टंकी में 04 लाख 40 हजार रूपये ही थे हमारे द्वारा बढा-चढाकर 14 लाख रूपये की चोरी बताई गयी।


