
https://www.instagram.com/reel/Dd5vtpgxJxW/?stkn=OWt2YndsenB0dzlt
मुजफ्फरनगर। श्री रामलीला भवन नई मंडी के शताब्दी वर्ष (100वें वर्ष) के ऐतिहासिक उपलक्ष्य में आयोजित नौ दिवसीय श्री रामलीला महोत्सव का शुभारंभ आज बेहद भव्य और भक्तिमय माहौल में हुआ। आज से प्रारंभ हो रही दिव्य श्री राम कथा से पूर्व श्री रामलीला भवन से एक विशाल एवं भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसने पूरे क्षेत्र को राममय कर दिया। सनातन परंपरा के अनुसार, किसी भी बड़े अनुष्ठान से पूर्व कलश स्थापना और कलश यात्रा का विशेष आध्यात्मिक महत्व होता है। कलश को ब्रह्मांड, सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। इस ऐतिहासिक महोत्सव में कलश स्थापना के माध्यम से क्षेत्र की सुख, शांति और समृद्धि की कामना की गई । यात्रा को जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर संत डॉ उमाकांतानंद सरस्वती महाराज का दिव्य सानिध्य प्राप्त हुआ। यात्रा का आकर्षण सैकड़ों की संख्या में शामिल महिला श्रद्धालु रहीं जो पारंपरिक वेशभूषा में अपने सिर पर मंगल कलश भगवान राम के भजनों और राम धुन नृत्य कर रही थी। यात्रा में संरक्षक भीम सेन कंसल, अध्यक्ष संजय मित्तल, मंत्री अशोक गर्ग, ऋषिराज राही, आदित्य भरतिया, राजीव अग्रवाल, अभिषेक कुच्छल, विवेक गर्ग, राजेश गोयल, उपेंद्र मित्तल, विदित गुप्ता, अनिल गोयल आदि उपस्थित रहे |


