नई दिल्ली। दिल्ली आतंकी विस्फोट के लिए उमर ने IED बनाने के लिए फर्टिलाइजर खरीदा था। 3 लाख रुपये में 20 क्विंटल से ज़्यादा NPK फर्टिलाइजर खरीदा गया।
सूत्रों से पता चला है कि गुरुग्राम , नूंह के आसपास से फर्टिलाइजर खरीदा गया। इसके लिए डॉ. मुजम्मिल, अदील, उमर और शाहीन ने पैसे जुटाए थे । चारों ने मिलकर 20 लाख रुपये नकद जुटाए थे। उमर और डॉ. मुजम्मिल के बीच पैसों का विवाद भी था। उमर ने सिग्नल ऐप पर 2-4 सदस्यों वाला एक ग्रुप भी बनाया था।
दिल्ली पुलिस सूत्रों के अनुसार पुलिस के पास डॉ उमर के करीब 50 जगहों के सीसीटीवी फुटेज हैं। यानी डॉक्टर उमर जब फरीदाबाद से दिल्ली में घुसा है इसने दिल्ली के कई इलाको के चक्कर लगाए थे। दिल्ली पुलिस मैपिंग के हिसाब से 3 बजे से पहले इसने दिल्ली की कई जगहों पर गाड़ी घुमायी है। दिल्ली पुलिस के जिलो के मुताबिक पहले ये फरीदाबाद से साउथ ईस्ट डिस्ट्रिक में कई जगह देखा गया.. वहां से ईस्ट डिस्ट्रिक्ट.. ईस्ट से सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट की रिंग रोड.. वहां से नार्थ डिस्ट्रिक्ट.. नार्थ से नार्थ वेस्ट डिस्ट्रिक्ट के अशोक विहार(जहाँ कुछ खाने के लिए रुका था) वहां से दोबारा सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट आया जहां ये मस्जिद गया और फिर वहां से 3 :19 बजे नार्थ डिस्ट्रिक्ट के लाल किला पार्किंग पहुंचा।
इसके अलावा…आरोपी डाक्टर मोहम्मद उमर फरीदाबाद से फरार होने के बाद यहां से मेवात होते हुए फिरोजपुर झिरका पहुंचा। फिर वो वापस दिल्ली-मुंबई एक्सपे्रेस से दिल्ली की तरफ आ रहा था। उसने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस वे पर एक ढ़ाबे पर रात गुजारी। वो रात में भी कार में सोया। इसके बाद वो दिल्ली-मुंबई हाइवे से होते हुए वापस वाया फरीदाबाद होकर दिल्ली के बदरपुर बॉर्डर से घुसा। आरोपी उमर दिल्ली-मुबई एक्सप्रेस वे पर सीसीटीवी कैमरों में कैद हुआ था।

