मुजफ्फरनगर । जनता इंटर कॉलेज, भोपा की लगभग 500 बीघा दान स्वरूप प्राप्त भूमि को भूमाफियाओं के अवैध कब्जे से मुक्त कराने एवं दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई किए जाने के संबंध में डीएम उमेश मिश्रा से मिले जाट महासभा के पदाधिकारियों ने मामले में कार्रवाई की मांग की।
डीएम कार्यालय पर जाट महासभा के अध्यक्ष धर्मवीर बालियान दर्जनों जाट महासभा के पदाधिकारी के साथ डीएम उमेश मिश्रा से मुलाकात की और बताया कि जनता इंटर कॉलेज, भोपा जनपद मुजफ्फरनगर ग्रामीण अंचल की एक प्रतिष्ठित एवं ऐतिहासिक शिक्षण संस्था है। इस संस्था की स्थापना क्षेत्र के समाजसेवियों एवं ग्रामीणों के त्याग, सहयोग एवं दान से हुई थी। विगत कई दशकों से यह विद्यालय हजारों छात्र-छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान कर रहा है तथा यहां से शिक्षा प्राप्त कर अनेक विद्यार्थी देश के विभिन्न विभागों एवं प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
विद्यालय की आर्थिक व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने तथा शिक्षा के सतत विकास के उद्देश्य से पंडित दामोदर प्रसाद, चंद्रमुनि एवं प्रद्युम्न कुमार आदि निवासी ग्राम मालपुरा, डाकघर भोपा, जनपद मुजफ्फरनगर द्वारा लगभग 500 बीघा कृषि भूमि दिनांक 09 अगस्त 1949 को मिनजुमला नंबर 184, खसरा रकबा 302/1 अज 1227 सब के अंतर्गत रजिस्ट्रार कार्यालय, तहसील जानसठ के माध्यम से विद्यालय की पैतृक संस्था शिक्षा परिषद हायर सेकेंडरी स्कूल, भोपा के नाम विक्रय पत्र के माध्यम से दान स्वरूप प्रदान की गई थी। उक्त दान से संबंधित मूल अभिलेख आज भी केंद्रीय अभिलेखागार, निबंध कार्यालय, जनपद मुजफ्फरनगर में सुरक्षित उपलब्ध हैं।
अत्यंत खेद का विषय है कि वर्तमान में इस अमूल्य शैक्षणिक संपत्ति के बड़े भाग पर कुछ भूमाफियाओं एवं असामाजिक तत्वों द्वारा अवैध कब्जा कर लिया गया है। यह केवल विद्यालय की भूमि पर अतिक्रमण नहीं, बल्कि शिक्षा, समाज और भविष्य की पीढ़ियों के अधिकारों पर भी कुठाराघात है। यदि यह भूमि विद्यालय को पुनः प्राप्त हो जाती है, तो उसकी आय से विद्यालय के शैक्षिक, आधारभूत एवं छात्रहित से जुड़े अनेक विकास कार्य किए जा सकते हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्र के हजारों विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा एवं सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
अतः आपसे विनम्र अनुरोध है कि इस प्रकरण की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश प्रदान करने की कृपा करें। साथ ही, विद्यालय की दान स्वरूप प्राप्त भूमि को तत्काल अवैध कब्जे से मुक्त कराते हुए दोषी व्यक्तियों एवं भूमाफियाओं के विरुद्ध विधिसम्मत कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि शिक्षा के इस पावन मंदिर की संपत्ति सुरक्षित रह सके और उसका लाभ समाज तथा आने वाली पीढियों को प्राप्त हो सके। उन्होंने विश्वास जताया है कि इस महत्वपूर्ण जनहित एवं शिक्षा हित के विषय में आवश्यक एवं प्रभावी कार्रवाई अवश्य सुनिश्चित की जाएगी। जाट महासभा के दर्जनों पदाधिकारी डीएम उमेश मिश्रा से मिलने को मौजूद रहे।


