मुजफ्फरनगर। शामली के आयुष के धर्मांतरण और कथित लव जिहाद का मामला ठंडा नहीं हुआ था कि जाट समाज की एक विधवा महिला ने कुछ हिंदूवादी नेताओं के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचकर एसएसपी संजय कुमार वर्मा को शिकायती पत्र सौंपकर एक व्यक्ति पर अपना नाम राजीव बालियान बताते हुए हिंदू बनकर प्रेमजाल में फंसाने, कलियर ले जाकर निकाह के जरिए धर्मांतरण कराने, लाखों रुपए की ठगी करने और वर्षों तक धोखे में रखने के गंभीर आरोप लगाए।एसएसपी ने भोपा थाना पुलिस को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
एसएसपी कार्यालय पर पीड़िता ने आरोप लगाया कि वर्ष 2016 में उसकी मुलाकात एक व्यक्ति से हुई, जिसने खुद को हिंदू बताते हुए राजीव बालियान नाम से परिचय दिया। विश्वास जीतने के बाद उसने शादी का प्रस्ताव रखा और बाद में यह कहकर मुस्लिम रीति से निकाह कराया कि वह हिंदू रीति-रिवाज से दूसरी शादी नहीं कर सकता। महिला का दावा है कि वर्ष 2017 में उत्तराखंड के कलियर शरीफ में निकाह कराया गया, जहां आरोपी ने अपना नाम “अशफाक” बताया और उसका भी नाम बदलकर नूरजहां कर दिया गया।
महिला का आरोप है कि बाद में उसे पता चला कि आरोपी पहले से शादीशुदा है और उसके बच्चे भी हैं। उससे नमाज पढ़वाई गई, रोजा रखवाया गया और उसकी जानकारी के बिना मांसाहारी भोजन भी खिलाया गया। इतना ही नहीं, मकान बनाने का झांसा देकर आरोपी ने उससे करीब 30 लाख रुपये नकद ले लिए, जिसके लिए उसे अपने नोएडा स्थित फ्लैट पर लोन लेना पड़ा। बाद में कर्ज चुकाने के लिए फ्लैट तक बेचना पड़ा। महिला ने आरोप लगाया गया है कि ग्राम प्रधान चुनाव के दौरान आरोपी ने अपने पोस्टरों पर “अशफाक राजू” नाम का इस्तेमाल किया, जिसके
बाद उसकी असली पहचान सामने आई । विरोध करने और रुपये वापस मांगने पर आरोपी ने पैसे लेने से ही इनकार कर दिया। पीड़िता ने पुलिस से आरोपी के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया गतिविधियों और कथित नेटवर्क की गहन जांच कराने की मांग की है। उसका आरोप है कि आरोपी सोशल मीडिया पर हिंदू पहचान का इस्तेमाल कर अन्य महिलाओं को भी अपने जाल में फंसाने का काम कर रहा है।


