भाद्रपद शुक्ल पक्ष प्रतिपदा तिथि 4 सितंबर 2024 दिन बुधवार को बुध का सिंह राशि में प्रवेश हो चुका है। बुध के सिंह राशि में गोचर से बुधादित्य नामक राजयोग का निर्माण होने से कई राशियों के लिए लाभकारी समय आ गया है। । वृषभ, मिथुन, कर्क, सिंह, धनु तथा कुंभ राशि वालों के लिए विशेष लाभदायक है । 23 सितंबर 2024 तक बुध सिंह राशि मे रहकर अपना प्रभाव स्थापित करेगा।
मेष
व्ययेश एवं पराक्रमेश होकर पंचम भाव में गोचर होगा। बौद्धिक क्षमता का प्रयोग कर पाएंगे व्यापारिक गतिविधियों में सुधार हो सकता है संतान पक्ष पर खर्च की स्थिति बन सकती है भाई बहनों तथा मित्रों का सहयोग प्राप्त होगा अचानक खर्चे में वृद्धि हो सकता है अध्ययन अध्यापन पर खर्च की स्थिति बन सकती है।
वृषभ धनेश एवं पंचमेश होकर सुख भाव मे गोचर होगा। सुख के संसाधनों में वृद्धि होगा। माता का आशीर्वाद एवं सहयोग प्राप्त होगा । घर का माहौल सकारात्मक होगा। करियर तथा नौकरी से अधिक संतुष्टि प्राप्त करेंगे। कार्यक्षेत्र में कार्यों की सराहना होगी । धन संबंधित कार्यों में प्रगति होगा। संतान पक्ष से शुभ समाचार प्राप्त होगा।
मिथुन
लग्नेश एवं सुखेश होकर पराक्रम भाव में गोचर होगा । परिणाम स्वरूप सम्मान, पद, प्रतिष्ठा एवं पुरुषार्थ में वृद्धि होगा । कार्यों में भाग्य का साथ प्राप्त होगा। मनोबल में वृद्धि होगा । मानसिक स्थिति में सुधार होगा । गृह वाहन सुख में वृद्धि की स्थिति बनेगी । मातृ सुख में वृद्धि होगा । पिता का सहयोग एवं आशीर्वाद प्राप्त होगा। कार्यक्षेत्र में प्रगति एवं प्रोत्साहन प्राप्त होगा।
कर्क
व्यय एवं पराक्रम भाव के कारक होकर धान भाव में गोचर करेंगे। परिणाम स्वरूप वाणी में तीव्रता या अवरोध। पारिवारिक कार्यों पर खर्च की स्थिति बन सकती है। वाणी व्यवसाय से जुड़े लोगों के लिए समय अनुकूल रह सकता है। पेट की आंतरिक समस्या के कारण तनाव हो सकता है। शुगर अथवा इन्फेक्शन से संबंधित समस्या तनाव दे सकता है। भाई बहनों तथा मित्रों पर खर्च बढ़ सकता है।
सिंह
लाभेश एवं धनेश होकर शरीर भाव पर गोचर करेंगे। ऐसे में मानसिक क्रियाशीलता में वृद्धि होगी । व्यापारिक गतिविधियों में सुधार होगा । आर्थिक लाभ की स्थिति बनेगी । बौद्धिक क्षमता के आधार पर धनागम के स्रोत बना पाएंगे । जीवन साथी से मधुरता बढ़ेगी। प्रेम संबंधों में सुधार होगा। दैनिक लाभ में वृद्धि होगा। पारिवारिक कार्यों से मन प्रसन्न रहेगा। गृह एवं वाहन सुख में वृद्धि होगा।
कन्या
दशमेश एवं लग्नेश होकर व्यय भाव में गोचर करेंगे परिणाम स्वरूप मनोबल में थोड़ी कमी आ सकती है। दूरस्थ यात्रा पर खर्च बढ़ सकता है । अति घनिष्ठ व्यक्ति के कारण तनाव उत्पन्न हो सकता है। परिश्रम में अवरोध की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। स्किन एलर्जी अथवा आंतरिक समस्या के कारण तनाव एवं खर्च हो सकता है। मुकदमा, विवाद आदि के कारण तनाव हो सकता है।


