मुजफ्फरनगर । कृषि उत्पादन मंडी समिति द्वारा नगर पालिका के टैक्स कम करने की अपील को पालिका ने खारिज कर दिया है। मंडी समिति को 3.42 करोड का टैक्स जमा करने को कहा गया है।
मंडी समिति सचिव द्वारा आरोपित टैक्स को लेकर नौ बिन्दुओं पर दर्ज आपत्ति को भी खारिज कर दिया गया है। मण्डी समिति ने 15 दिन में बकाया टैक्स धनराशि जमा नहीं की तो फिर 12 प्रतिशत सरचार्ज भी देना होगा। कृषि उत्पादन मंडी समिति पर नगर पालिका का हाउस और वाटर टैक्स बकाया चला आ रहा है। यह टैक्स बढकर 3.42 करोड हो गया है। उक्त टैक्स जमा करने के लिए नगर पालिका के द्वारा मंडी समिति सचिव को नोटिस भी भेजा गया था। कृषि उत्पादन मण्डी समिति के सचिव कुलदीप सिंह के द्वारा पालिका को पत्र भेजकर मण्डी समिति की सम्पत्ति पर टैक्स निर्धारण प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए नौ बिन्दुओं के साथ अपनी आपत्ति दर्ज कराई, वहीं टैक्स कम करने की अपील भी की। इसे नगर पालिका के द्वारा खारिज कर दिया गया। पूर्व में मण्डी समिति की सम्पत्ति पर 8 करोड़ 39 लाख 56 अजार 353 रुपये का वार्षिक मूल्यांकन पालिका के टैक्स विभाग की ओर से प्रस्तावित किया गया था। इस पर 21 अक्टूबर 2023 को उप निदेशक निर्माण द्वारा मण्डी समिति का विवरण पुनः उपलब्ध कराकर नये सिरे से टैक्स निर्धारण की मांग की गई थी। इसी स्व घोषित सम्पत्ति के आधार पर पालिका के द्वारा पुनः गणनाकर 28 अक्टूबर 2023 को अंतिम रूप से कर निर्धारण करते हुए 3 करोड़ 43 लाख 8 हजार 244 रुपये की वार्षिक मूल्यांकन प्रस्तावित करते हुए टैक्स निर्धारित कर दिया गया है। जो अब मंडी समिति को जमा करना होगा।


