हरिद्वार ।10 वे अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस पर सत्यप्रकाश रेशू योग गुरू बाबा रामदेव के मंच पर उपस्थित रहे। 21 जून को विश्व योग दिवस पर बाबा रामदेव व आचार्य बालकृष्ण को रेशू ने पूरे विश्व की और से फूलो की बड़ी व सुन्दर माला पहनाई। माला की सुन्दरता से पूरा वातावरण आर्कषण में बदल गया।
सत्यप्रकाश रेशू को पतंजलि की ओर से 21 जून को विश्व योग दिवस पर प्रातः 5 बजे तक योग पीठ -2 में पहुँचने के लिए कहा गया। रेशू ने अपनी पूरी टीम की साथ जल्दी – जल्दी रातो रात तैयारी की। जिससे पूरे विश्व की ओर से योग गुरू व आचार्य श्री को सम्मान देने का शुभ अवसर मिला। प्रातः 5 बजे से 8 बजे तक विभिन्न प्रकार की मुद्राओ में बच्चे, युवाओ, सन्तो, वृद्धो आदि को योग गुरू ने योग सिखाया। योग करने वालो में पूरे विश्व व देश के हर कोने से हॉल में व मंच पर लोग उपस्थित थे। जिनमें मुजफ्फरनगर से सत्यप्रकाश रेशू भी शामिल रहे।
सत्यप्रकाश के नाम का एनाउन्स आचार्य बालकृष्ण ने स्वयं करके मुख्य मंच पर बुलाया। मंच पर पहुँचने से पूर्व रेशू ने दोनो महापुरूषो के चरण स्पर्श कर आर्शीवाद लिया। फिर मंच पर पहुँचकर मुजफ्फरनगर के विशेषज्ञयो द्वारा बनाई गई भव्य, आर्कषक, रंग – बिरंगे फूलो से बनी माला योग गुरू बाबा रामदेव व आचार्य बालकृष्ण को पूरे विश्व की ओर से पहनाई गई। जिससे योग कर रहे प्रत्येक साधक का मन गदगद् हो गया। क्योकि माला की सुन्दरता से पूरे मंच को चार चांद लग गये।
रेशू की कार्यशैली को देखते हुए गुरू रामदेव ने आचार्य श्री से ससम्मान माइक लिया। साथ ही रेशू के हाथ में देकर योग पर बोलने को कहा। सत्यप्रकाश रेशू ने मंच से बोला कि योग हमंे स्वस्थ रहने की साथ बड़े – बड़े काम करने का शुभ अवसर देता है। बड़े – बड़े लोगो से मिलने का मौका देता है। साथ ही हमें झूठ, हट, द्ववेश, चोरी, कपट, अहंकार, झगड़ो आदि से दूर रखकर सदैव सकारात्मक रखता है। जिस पर रामदेव व बालकृष्ण सहित सभी ने तालिया बजाकर सहमति दी।
अन्त में योग गुरू ने रेशू की काम क्षमता, सहयोग , सोच व सम्पर्क व्यवस्था की मंच से बालते हुए राम नाम का शॉल पहनाकर सम्मान किया। जिसे रेशू ने मुजफ्फरनगर के हर व्यक्ति का सम्मान समझकर स्वीकार किया।


