मुजफ्फरनगर । 5 करोड 38 लाख की धनराशि की धोखाधडी करने वाले शातिर अभियुक्त को थाना साइबर क्राइम पुलिस टीम द्वारा गिरफ्तार किया गया है। वह गरीब व भोले भाले व्यक्तियों के खाते खुलवाकर उन्हें साइबर फ्राड में इस्तेमाल करता था।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने बताया कि गरीब व भोले भाले लोगों के बैंक खाते व सिम कार्ड एकत्र कर उन्हें साइबर धोखाधड़ी में करने वाले शातिर अभियुक्त को शामली बाईपास से शाहपुर कट से आगे शामली की तरफ पैट्रोल पम्प के पास से मुखबिर खास की सूचना पर गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के आधार पर थाना साइबर क्राइम मुजफ्फरनगर पर मुकदमा आइटी एक्ट पंजीकृत किया गया है। गिरफ्तार अभियुक्त का नाम अंकित तोमर पुत्र ओमपाल सिंह निवासी ग्राम बामनौली थाना दोघट बागपत उम्र लगभग 20 वर्ष है। 26 अदद सिमकार्ड, 32 एटीएम/ डेबिट कार्ड, 5 अदद मोबाईल फोन, 1 पासबुक, 1 अदद डायरी, 1 कठश्डकउए बिल कॉपी, 1 स्टाम्प मोहर, 2 अदद आधार कार्ड, 1 वाइफाई, 1 गाडी, 2,540/ रुपये नगद व अन्य सामान की बरामदगी की है। प्रारम्भिक पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्त द्वारा बताया गया कि उसे फेसबुक पर एक पैसे कमाने का लिंक प्राप्त हुआ, जहां से उसे एक टेलीग्राम लिंक में जोड़ा गया, जहाँ उसकी बात केलविन नाम के व्यक्ति से हुई जिसने अभियुक्त को आनलाईन गैमिंग के लिए खाता उपलब्ध कराने के लिए 25 से 30 हजार रुपये प्रति खाते से कमीशन देने की बात कही । जिसपर अभियुक्त द्वारा गरीब भोले भाले लोगो के बैक खाते खुलवाकर बैक खाते से सम्बन्धित पूरी किट व उनके नाम पर सिम कार्ड लेकर उन्हे टेलीग्राम पर बताये गये पतो पर कभी चैन्नई तथा गुजरात आदि स्थानों पर पोस्ट करना बताया तथा कुछ बैंक खाते व एटीएम अपने पास रख लेता था जिसमें पैसा आने के बाद अपना हिस्सा निकालकर शेष रुपया ट्रान्सफर करना बताया है। अभियुक्त से बरामद डायरी में अंकित बैंक खातों के विरुद्ध धोखाधडी की 79 शिकायतें दर्ज है जिनमें करीब 5 करोड 38 लाख की धनराशि की धोखाधडी हुई है।


