मुजफ्फरनगर। क्षेत्रीय अधिकारी उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मुजफ्फरनगर ने बताया है कि दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते वायु प्रदूषण के दृष्टिगत ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप)-3 के प्रभावी होने के साथ ही उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की स्थानीय इकाई ने त्वरित कार्रवाई प्रारम्भ कर दी है। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के मानकों तथा ग्रैप-3 के प्रावधानों का उल्लंघन करने वाली औद्योगिक इकाइयों पर सतत् निगरानी एवं प्रवर्तन कार्यवाही की जा रही है। बोर्ड की टीम ने ग्राम खांजापुर स्थित ओम सांई राम बिल्डिंग मैटिरियल, भोपा रोड स्थित श्यामा जी ट्रेडर्स तथा काली नदी पुल के समीप गजराज बिल्डिंग मैटिरियल का निरीक्षण किया। निरीक्षण में पाया गया कि इन इकाइयाँ द्वारा खुले में निर्माण सामग्री का भण्डारण किया गया है, जिससे उड़ती धूल वायु प्रदूषण में वृद्धि कर रही है। उक्त इकाइयों को तत्काल सुधार हेतु नोटिस जारी किए गए।
इसी क्रम में भोपा रोड स्थित उद्योग मै0 सविता सिलेण्डर्स, मै0 तिरूपति सिलेण्डर्स तथा मै0 दकिनी हेल्थ फूड्स में बिना नियमानुकूल उत्सर्जन नियंत्रण उपकरणों के डी0जी0 सैट संचालित पाए गए, जिससे वायु एवं ध्वनि प्रदूषण हो रहा था। इन इकाइयों को भी नोटिस जारी कर सुधार करने के निर्देश दिए गए।
बुधवार को जानसठ रोड पर कोल्हू इकाइयों का निरीक्षण किया गया। वलीपुरा निवासी सोनू पुत्र रहमानी, मुझेड़ा निवासी फूल मियां पुत्र अनवर तथा शाने रज़ा पुत्र मोहम्मद मुस्लिम के कोल्हुओं में नियमों के विरुद्ध प्रदूषणकारी गतिविधियाँ पाई गईं। इन सभी को नोटिस जारी किए गए।
स्थानीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सहायक अभियंता श्री कुंवर संतोष ने बताया कि प्रदूषण नियंत्रण हेतु विभाग की कार्रवाई अनवरत् जारी है तथा नियमों का उल्लंघन करने वाली इकाईयों के विरुद्ध कड़ी प्रवर्तन कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने से आम जनता से अपील करते हुए कहा कि प्रदूषण की रोकथाम हेतु कूड़े को न जलाया जाये।


