मुज़फ्फरनगर। स्थानीय डीएवी इंटर कॉलेज के मैदान में नागरिक सुरक्षा आपदा विभाग, स्वास्थ्य विभाग पुलिस विभाग,मुख्य अग्निशमन में विभाग के द्वारा ब्लैक आउट मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस मॉक ड्रिल का उद्देश्य आम नागरिकों को आपात स्थिति, विशेषकर अचानक हवाई हमले की स्थिति में सुरक्षा उपायों के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम में जिलाधिकारी उमेश कुमार मिश्रा एवं अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) गजेंद्र कुमार, नगर पालिका अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप अधिशासी अधिकारी नगर पालिका, मुख्य रूप से मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने मॉक ड्रिल के माध्यम से लोगों को बताया कि यदि कभी युद्ध जैसी स्थिति या हवाई हमला होता है, तो किस प्रकार सतर्कता बरतनी चाहिए और जान-माल की सुरक्षा कैसे की जा सकती है।
मॉक ड्रिल के दौरान जैसे ही सायरन बजाया गया, पूरे मैदान की लाइटें बंद कर दी गईं और ब्लैकआउट की स्थिति बना दी गई। इस दौरान लोगों को समझाया गया कि ब्लैकआउट का मुख्य उद्देश्य दुश्मन को किसी भी प्रकार की रोशनी या लोकेशन की जानकारी न मिलने देना होता है, जिससे हवाई हमले का खतरा कम किया जा सके।
इसके साथ ही हवाई हमले और आग लगने की स्थिति में रेस्क्यू ऑपरेशन का लाइव प्रदर्शन किया गया। फायर ब्रिगेड की टीम ने सीढ़ी लगाकर एक व्यक्ति को बिल्डिंग से सुरक्षित बाहर निकाला और उसे एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिससे आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था का भी अभ्यास कराया गया।
जिलाधिकारी उमेश कुमार मिश्रा ने कहा कि आपात स्थिति में सभी नागरिकों को घबराने के बजाय संयम बनाए रखना चाहिए। खुले स्थान से दूर रहकर सुरक्षित जगह पर शरण लेनी चाहिए, मोबाइल फोन की फ्लैश लाइट, घरों की बाहरी लाइटें और अनावश्यक रोशनी बंद रखनी चाहिए।
अपर जिलाधिकारी गजेंद्र कुमार ने बताया कि इस प्रकार की मॉक ड्रिल समय-समय पर आयोजित की जाती हैं ताकि आम जनता को वास्तविक स्थिति से पहले मानसिक और व्यवहारिक रूप से तैयार किया जा सके। उन्होंने लोगों से प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की।
कार्यक्रम में सिविल डिफेंस, पुलिस प्रशासन, फायर ब्रिगेड तथा एनसीसी के स्वयंसेवकों ने भी भाग लिया और विभिन्न सुरक्षा उपायों का प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
इस अवसर पर नगर पालिका चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप, आपदा एवं नागरिक सुरक्षा सहायक नासिर हुसैन, एसडीएम प्रवीण द्विवेदी, ईओ प्रज्ञा सिंह, मुख्य अग्निशमन अधिकारी अनुराग सिंह, डॉ. शमशेर, बिजली विभाग के नोडल अधिकारी सागर बांगुरा, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ इमेरजेंसी ऑपरेशन सेंटर से गुलफाम अहमद, प्रवेश कुमार, विवेक गोयल आदि मौजूद रहे।


