मुज़फ्फरनगर। थाना बुढाना पुलिस द्वारा चोरी किये गये/फाइनेंस पर खरीदे गये वाहनों के इंजन व चेसिस नम्बर बदलकर धोखाधडी से वाहन बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 02 अभियुक्तगण को गिरफ्तार कर लिया । गिरफ्तार अभियुक्तगण के कब्जे/निशानदेही से 01 करोड 15 लाख रुपये, 04 ट्रक, 02 मोटर साईकिल, 01 मोबाईल फोन व 08 फर्जी आधार कार्ड तथा 06 आरसी व एक फर्जी नम्बर प्लेट बरामद किए।
एक फरवरी को थाना बुढाना पुलिस को मुखबिर द्वारा सूचना प्राप्त हुई कि जनपद मे अन्तर्राजीय गैंग सक्रिय है जो चोरी, फाईनेन्स व पुराने खत्म वाहनो को खरीदकर उनपर फर्जी तरीके से इंजन व चौसिस नम्बर बदलकर फर्जी तरीके से तैयार किये गये वाहनो को बेचने का काम करते है। गिरोह के सदस्य ऐसे ही तैयार किये गये ट्रक को लेकर मुजफ्फरनगर की तरफ से दिल्ली लेकर जाने वाले है। सूचना पर विश्वास करते हुए थाना बुढाना पुलिस खतौली तिराहे पर आने जाने वाले वाहनो की सघन चैकिंग करने लगी, कुछ समय पश्चात एक ट्रक नम्बर एचपी 97 ए 8577 आता हुआ दिखाई दिया, जिसे पुलिस टीम द्वारा टार्च की रोशनी में देकर रूकने का इशारा किया गया तो ट्रक ड्राईवर ट्रक को तेजी से लेकर भगाने का प्रयास किया गया। पुलिस टीम द्वारा उक्त ट्रक का पीछा किया गया आगे चलकर ट्रक के सामने गन्ने से भरा ट्रक आ गया जिस कारण ड्राइवर ने ट्रक रोक दिया तथा ड्राइवर व 01 अन्य व्यक्ति ट्रक वही छोडकर भागने लगे जिन्हे पुलिस टीम द्वारा आवश्यक बल प्रयोग कर घेर घोटकर गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तगण के कब्जे/निशांदेही से 01 करोड 15 लाख रुपये, 04 ट्रक, 02 मोटस साईकिल, 01 मोबाईल फोन व 08 फर्जी आधार कार्ड तथा 06 आरसी व एक फर्जी नम्बर प्लेट बरामद बरामद किया गया। अभियुक्तगण की गिरफ्तारी एवं बरामदगी के सम्बन्ध में थाना बुढ़ाना पुलिस द्वारा अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।
*गिरफ्तार अभियुक्तगण का नाम व पता-*
*1.* मेहरबान अली उर्फ कारी पुत्र यासीन अली निवासी मरकज मस्जिद के पास मौ0 शाहघासी दरवाजा कस्बा व थाना झिंझाना जनपद शामली।
*2.* अफजाल पुत्र रोशन निवासी मरकज मस्जिद के पास मौ0 शाहघासी दरवाजा कस्बा व थाना झिंझाना जनपद शामली।
*बरामदगी का विवरण-*
✅ 05 लाख रुपये नगद
✅ 04 ट्रक
✅ 02 मोटर साईकिल
✅ 01 मोबाईल फोन
✅ 08 फर्जी आधार कार्ड
✅ 06 आरसी
✅ 01 फर्जी नम्बर प्लेट
गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ के दौरान बताया कि वे फर्जी आधार कार्ड तैयार करते हैं तथा वाहनों को फाइनेंस पर खरीदकर उनके इंजन व चेसिस नंबर बदलकर बाद में उनका रजिस्ट्रेशन अरुणाचल प्रदेश व अन्य राज्यों से कराकर उन्हें बेच देते हैं तथा अवैध आर्थिक लाभ अर्जित करते है। अभियुक्तगण फर्जी आधार के माध्यम से बैंक खाते खुलवाकर लोन भी करवाते हैं और इन्हीं फर्जी दस्तावेजों का उपयोग वाहन पंजीकरण में करते हैं। आरसी तैयार होने के बाद, जिस वाहन की आरसी बनाई जाती है, उसी प्रकार का दूसरा वाहन खरीदकर उस पर फर्जी आरसी के अनुसार इंजन नंबर, चेसिस नंबर एवं रजिस्ट्रेशन नंबर अंकित कर देते हैं, जिससे चोरी अथवा फाइनेंस वाला वाहन पकड़ में नहीं आता। इस प्रकार तैयार किए गए फर्जी आरसी एवं बदले हुए इंजन-चेसिस नंबर वाले वाहनों को वे सभी मिलकर भोली-भाली जनता को असली बताकर बेच देते हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक लाभ प्राप्त होता है।
उक्त सराहनीय कार्य करने वाली थाना बुढ़ाना पुलिस टीम को श्रीमान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा 20,000/- रूपये के नगद पुरस्कार से पुरूस्कृत किया गया है।


