मुजफ्फरनगर। अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गजेंद्र कुमार की अध्यक्षता में आईजीआरएस पोर्टल पर मुख्यमंत्री संदर्भ, जिलाधिकारी संदर्भ, तहसील दिवस संदर्भ सहित अन्य संदर्भों एवं लम्बित शिकायतों/प्रकरणों के निस्तारण एवं सी0एम0 डैशबोर्ड से संबंधित बैठक जिला पंचायत सभागार में आयोजित हुई।
बैठक में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ने कहा कि अधिकारीगण आइजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त संदर्भों को निर्धारित समय सीमा के अन्दर अवश्य निस्तारित कर दें, जिससे कोई भी संदर्भ डिफाल्टर की श्रेणी में न जाए। संदर्भों के निस्तारण में गुणवत्ता का विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने आई0जी0आर0एस0 पोर्टल से संबंधित शिकायती प्रकरणों की विभागवार समीक्षा करते हुए समस्त विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि संदर्भों के निस्तारण के बाद शिकायतकर्ता की संतुष्टि का फीडबैक पर विशेष ध्यान दिया जाए, उन्होंने शत-प्रतिशत संतुष्टि का फीडबैक प्राप्त करने उपरांत ही संदर्भों का निस्तारण करे। उन्होंने कहा कि संदर्भों के निस्तारण में गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए, जिससे संतुष्टि का फीडबैक बेहतर मिल सके।
बैठक के दौरान सीएम डैशबोर्ड की प्रगति रिपोर्ट में खराब श्रेणी प्रदर्शित करने वाले इंडिकेटर में रहने वाले अधिकारी संदर्भों के निस्तारण में सुधार लाएं। उन्होंने कर करेत्तर की समीक्षा के दौरान आबकारी, व्यापार कर, स्टाम्प शुल्क, विद्युत देयों की वसूली, नगर निकायों में राजस्व संग्रह की स्थिति, खनन, मण्डी समिति, बांट माप, सिंचाई विभाग,खाद्य एवं सुरक्षा सहित अन्य राजस्व संग्रह से सम्बन्धित विभागों द्वारा लक्ष्य के सापेक्ष राजस्व देयों की वसूली की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने लक्षित राजस्व देयों की वसूली में सुधार लाते हुये समय अंतर्गत शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने जिला कारागार, जीएसटी, स्टाम्प, कोषागार सहित अन्य विभागों को ई ऑफिस से जोडने के संबंध में निर्देशित किया गया। अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ने समस्त उपजिलाधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि भारत सरकार द्वारा दिनाक 19-25 दिसम्बर, 2025 के मध्य ”सुशासन सप्ताह – प्रशासन गांव की ओर“ आयोजित किया जायेगा। इस अभियान मे तहसील मुख्यालय अथवा पंचायत स्तर पर लोक शिकायतों के निस्तारण हेतु समस्त लाभार्थीपरक विभागों के स्टॉल सम्मिल्लित कर कैम्प आयोजित कर ग्रामीणों की शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराया जाये। अभियान के लिए ऐसे ग्रामों की सूची तैयार कर ली जाये जहॉ अत्याधिक शिकायतें प्राप्त हो रही है ताकि उनका मौके पर ही निस्तारण कर दिया जायें। बैठक में आबकारी, राज्यकर, विकास विभाग, स्टाम्प, कोषागार सहित अन्य संबंधित विभाग के अधिकारीगण मौजूद रहे।


